
समस्तीपुर, बिहार: शर्मसार कर देने वाली एक घटना सामने आई है जहां अंधविश्वास की काली छाया ने एक महिला की जिंदगी नर्क बना दी. जिले के बिथान थाना क्षेत्र में एक महिला को डायन बताकर पहले बेरहमी से पीटा गया, फिर अर्धनग्न कर पूरे गांव में घुमाया गया. इस हैवानियत भरे कृत्य के बाद गांव में तनाव का माहौल है, लेकिन पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है.
कब और कैसे शुरू हुआ ये दिल दहला देने वाला कांड?
यह खौफनाक वारदात तब शुरू हुई जब गांव के सरपंच राज मुखिया के भतीजे प्रदीप मुखिया के बेटे की अचानक तबीयत बिगड़ गई. कुछ लोगों ने इसे जादू-टोना का असर मान लिया और इसका ठीकरा गांव की एक महिला के सिर फोड़ दिया. फिर क्या था, सरपंच के दबाव में प्रदीप मुखिया अपने चचेरे भाई, सरपंच के बेटे और कुछ अन्य साथियों के साथ मिलकर महिला के घर में जबरन घुस गए.
उन्होंने महिला को बाहर घसीटा, उसे डायन-डायन कहकर पीटा और फिर सारे कपड़े उतारकर उसे अर्धनग्न अवस्था में पूरे गांव में घुमाया. जब अत्याचार की पराकाष्ठा हो गई और महिला बेहोश होकर गिर पड़ी, तो ये दरिंदे उसे वहीं छोड़कर भाग निकले.
वीडियो वायरल, तनाव बढ़ा और पीड़िता ने दिखाई हिम्मत
इस अमानवीय घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिसके बाद गांव में दो पक्षों के बीच भारी तनाव पैदा हो गया है. हालांकि इस खौफनाक अनुभव के बावजूद, पीड़िता ने हिम्मत नहीं हारी और बिथान थाना में 11 आरोपियों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई है.
पुलिस ने चार आरोपियों को दबोचा, बाकी की तलाश जारी
बिथान थानाध्यक्ष रंजीत कुमार शर्मा ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की. उन्होंने चार नामजद आरोपियों - संतोष मुखिया, जीबछ मुखिया (दोनों राज मुखिया के बेटे), अमरनाथ मुखिया और सोनू मुखिया को गिरफ्तार कर लिया है और उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है. पुलिस बाकी बचे आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है. थानाध्यक्ष ने भरोसा दिलाया है कि जांच पूरी होने के बाद सभी दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिलेगी.