
ललितपुर, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में एक प्रेम कहानी का क्रूर और दर्दनाक अंत सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। बार थाना क्षेत्र के बस्तगुआ गांव के पास स्थित शहजाद बांध से दो दिन पहले बरामद किए गए एक नीले बोरे में बंद महिला के शव की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। मृतका की पहचान 28 वर्षीय रानी रेकवार के रूप में हुई है, और इस जघन्य हत्या के आरोप में उसके ही प्रेमी जगदीश रेकवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह घटना एक जटिल प्रेम-त्रिकोण और विश्वासघात की कहानी बयां करती है, जिसका अंत बेहद भयावह रहा।
प्रेम-प्रसंग का दुखद मोड़ और बेवफाई का जहर
पुलिस अधीक्षक मोहम्मद मुश्ताक ने इस पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया कि रानी रेकवार अपने पति और दो छोटे बच्चों को छोड़कर जगदीश के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी। यह संबंध कुछ समय तक चला, लेकिन कहानी में नाटकीय मोड़ तब आया जब जगदीश की शादी कहीं और तय हो गई। इस बात को लेकर रानी और जगदीश के बीच लगातार और तीखे विवाद होने लगे। बताया जाता है कि जगदीश की शादी तय होने के बाद, रानी उसे छोड़कर किसी अन्य युवक के साथ रहने चली गई थी। यह बात जगदीश को नागवार गुजरी और उसके मन में रानी के प्रति गहरा आक्रोश पनप गया।
कोल्डड्रिंक में कीटनाशक: एक सुनियोजित हत्या
एसपी मुश्ताक के अनुसार, जगदीश ने रानी को दोबारा अपने पास बुलाया। इस मुलाकात के दौरान, उसने एक खतरनाक साजिश को अंजाम दिया। जगदीश ने बाजार से कीटनाशक दवा खरीदी और उसे कोल्डड्रिंक में मिला दिया। जब रानी ने वह कोल्डड्रिंक पी, तो कीटनाशक के प्रभाव से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हत्या को अंजाम देने के बाद, जगदीश ने रानी के शव को एक नीले रंग के बोरे में भरा। इसके बाद, उसने अपनी बाइक पर शव को लादा और शहजाद बांध तक ले जाकर पानी में फेंक दिया, ताकि सबूत मिटाए जा सकें और पहचान छुपायी जा सके।
पहचान, गिरफ्तारी और कबूलनामा: पुलिस की त्वरित कार्रवाई
शहजाद बांध में मिले अज्ञात शव ने पुलिस के सामने एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी थी। हालांकि, पुलिस टीम ने त्वरित और गहन जांच शुरू की। महिला के शरीर पर बने टैटू और अन्य विशिष्ट पहचान चिह्नों के आधार पर पुलिस ने अंततः शव की शिनाख्त रानी रेकवार के रूप में कर ली। इसके बाद, ललितपुर पुलिस की पूरी टीम सक्रिय हो गई और तकनीकी तथा भौतिक साक्ष्यों के आधार पर जगदीश रेकवार तक पहुंच गई।
पुलिस द्वारा की गई पूछताछ में, आरोपी जगदीश रेकवार ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसने पुलिस को बताया कि उसने रानी को इसलिए मारा क्योंकि वह अब उसके साथ नहीं रहना चाहती थी और उसने किसी अन्य व्यक्ति को चुन लिया था। एसपी मोहम्मद मुश्ताक ने पुष्टि की कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है। यह घटना एक बार फिर प्रेम प्रसंगों में बढ़ने वाली हिंसा और उसके भयावह परिणामों को उजागर करती है। पुलिस का कहना है कि यह एक सोची-समझी साजिश थी और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
क्या ऐसी घटनाएं प्रेम के नाम पर बढ़ती आपराधिक प्रवृत्ति का संकेत हैं, या ये व्यक्तिगत वैमनस्य के दुखद परिणाम हैं?