
ग्यारसपुर, विदिशा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन पूरे देश में धूमधाम से मनाया जा रहा है, लेकिन ग्यारसपुर में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यकर्ताओं ने इसे अनूठे तरीके से मनाया। सेवा पखवाड़ा के तहत, मंडल के सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने मंदिरों को अपनी ‘सेवा’ का केंद्र बनाया। हाथों में झाड़ू-तसले लेकर वे मंदिर परिसरों की सफाई में जुट गए। यह न केवल स्वच्छता अभियान था, बल्कि प्रधानमंत्री मोदी के 'स्वच्छ भारत मिशन' और 'जनसेवा' के मूल मंत्र को आगे बढ़ाने का एक जीवंत प्रयास भी था।
सेवा का अनोखा अंदाज
ग्यारसपुर मंडल भाजपा के कार्यकर्ताओं ने इस बार मोदी के जन्मदिन को एक नई दिशा दी। हर बूथ स्तर के कार्यकर्ता अपने-अपने गांव के मंदिरों में पहुंचे। उन्होंने मंदिर के अंदर और बाहर की साफ-सफाई की। दीवारों पर जमी धूल हटाई, फर्श और सीढ़ियों को चमकाया। यह सिर्फ एक प्रतीकात्मक अभियान नहीं था, बल्कि कार्यकर्ताओं का समर्पण साफ दिख रहा था। सफाई के बाद उन्होंने भगवान की आरती उतारी, प्रसाद चढ़ाया और प्रधानमंत्री के दीर्घायु होने की कामना की। 
मंदिर से निकला 'स्वच्छ भारत' का संदेश इस अभियान के तहत, ग्यारसपुर के छप्पर मोहल्ला स्थित हनुमान मंदिर और तहसील परिसर के पूडेश्वर महादेव मंदिर में विशेष रूप से सफाई की गई। मंडल अध्यक्ष अजय गुर्जर और पूर्व मंडल अध्यक्ष मुकेश सोनी ने इस मौके पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि "सेवा ही संगठन का मूल मंत्र है"। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का जन्मदिन सिर्फ उत्सव मनाने का दिन नहीं, बल्कि उनके विचारों और आदर्शों को अपनाने का भी दिन है। मंदिर की सफाई करके कार्यकर्ताओं ने न केवल भगवान के प्रति अपनी आस्था जताई, बल्कि समाज को भी स्वच्छता का संदेश दिया।
जनजागरण का संकल्प
इस अभियान में भाजपा के कई वरिष्ठ कार्यकर्ता भी शामिल हुए, जिनमें रमेश कुशवाहा, बूथ अध्यक्ष भागवत लोधी, शेर सिंह साहू, वीरेंद्र कुशवाहा, बलराम कुशवाहा, द्वारका प्रसाद विश्वकर्मा और अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे। सभी ने मिलकर यह संकल्प लिया कि वे प्रधानमंत्री मोदी के 'स्वच्छता' और 'सेवा' के संदेश को जन-जन तक पहुंचाएंगे। यह अभियान सिर्फ एक दिन का नहीं, बल्कि एक शुरुआत है, जो समाज में बदलाव लाएगी।
इस तरह के अभियानों से यह साबित होता है कि राजनीतिक दल सिर्फ सत्ता के लिए नहीं, बल्कि समाजसेवा के लिए भी काम करते हैं। ग्यारसपुर के भाजपा कार्यकर्ताओं का यह प्रयास न केवल सराहनीय है, बल्कि यह भी दिखाता है कि कैसे एक छोटे से प्रयास से बड़े बदलाव की शुरुआत हो सकती है। मंदिर में हुई इस 'सेवा' ने यह साबित कर दिया कि असली भक्ति और सम्मान सेवाभाव में ही छिपा है। प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन पर यह अनोखा 'सेवा' अभियान समाज के लिए एक प्रेरणा बन गया है।