
अनूपपुर, मध्य प्रदेश: प्यार, शादी और फिर बेवफाई... मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में एक ऐसा ही दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक 60 साल के शख्स की बेरहमी से हत्या कर दी गई, और हत्यारा कोई और नहीं, बल्कि उसकी ही तीसरी पत्नी निकली। तीसरी पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर इस खूनी साजिश को अंजाम दिया, ताकि वे दोनों साथ रह सकें। इस जघन्य अपराध का खुलासा तब हुआ जब मृतक की दूसरी पत्नी ने कुएं में तैरती हुई लाश को देखा।
तीन शादियां और एक खूनी अंत
यह कहानी 60 वर्षीय भाईलाल की है, जिसने तीन शादियां की थीं। अपनी पहली पत्नी को छोड़ने के बाद, भाईलाल ने गुड्डी नाम की महिला से दूसरी शादी की, लेकिन गुड्डी के कोई संतान नहीं थी। संतान की चाहत में भाईलाल ने गुड्डी की ही छोटी बहन मुन्नी से तीसरी शादी कर ली। मुन्नी और भाईलाल के दो बच्चे भी हुए, लेकिन इस शादीशुदा जीवन में भी एक तीसरा शख्स आ गया। मुन्नी का अफेयर लल्लू नाम के एक शख्स से चल रहा था, जिसे दोनों परिवार कई सालों से जानते थे। धीरे-धीरे मुन्नी और लल्लू की नजदीकियां इतनी बढ़ गईं कि उन्होंने साथ रहने के लिए भाईलाल को रास्ते से हटाने का फैसला कर लिया।
आधी रात को हुआ खूनी हमला
भाईलाल के घर पर निर्माण कार्य चल रहा था, इसलिए घर में निर्माण सामग्री रखी हुई थी। एक रात जब भाईलाल चारपाई पर सो रहा था, तभी रात के करीब 2 बजे मुन्नी ने अपने प्रेमी लल्लू और उसके एक दोस्त धीरज कोल के साथ मिलकर इस खूनी साजिश को अंजाम दिया। तीनों ने मिलकर सोते हुए भाईलाल पर लोहे की रॉड से कई वार किए। वार इतने जोरदार थे कि भाईलाल की मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के बाद तीनों ने भाईलाल के शव को छिपाने की कोशिश की। उन्होंने शव को एक कंबल और बोरी में लपेटा और घर के पीछे वाले कुएं तक ले गए। इसके बाद उन्होंने साड़ी और रस्सियों का इस्तेमाल कर शव को कुएं में फेंक दिया और मौके से फरार हो गए। उन्हें लगा कि उनका राज हमेशा के लिए दफन हो जाएगा, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था।
दूसरी पत्नी ने देखी कुएं में तैरती लाश
कुछ दिनों बाद जब भाईलाल की दूसरी पत्नी गुड्डी ने अपने पति की तलाश शुरू की, तो उसकी नजर घर के पीछे वाले कुएं पर पड़ी। कुएं में एक शव तैर रहा था, जिसे देखते ही गुड्डी के होश उड़ गए। उसने तुरंत पुलिस को इस बात की सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकाला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पता चला कि भाईलाल की मौत सिर में गंभीर चोट लगने से हुई थी, जिससे यह साफ हो गया कि यह एक हत्या का मामला है।
पुलिस ने जब इस मामले की गहराई से जांच की तो शक की सुई तीसरी पत्नी मुन्नी पर आकर रुकी। कड़ी पूछताछ के बाद मुन्नी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और पूरी वारदात का खुलासा किया। उसने बताया कि उसने प्रेमी लल्लू और उसके दोस्त के साथ मिलकर पति को मौत के घाट उतारा था। पुलिस ने फौरन मुन्नी, उसके प्रेमी लल्लू और उसके दोस्त धीरज कोल को गिरफ्तार कर लिया।
प्रेम, अपराध और कानून का शिकंजा
यह घटना समाज को एक बार फिर सोचने पर मजबूर करती है कि प्यार और रिश्तों में विश्वास की कमी कैसे एक जघन्य अपराध को जन्म दे सकती है। इस मामले में, रिश्तों की जटिलता और बेवफाई ने एक शख्स की जान ले ली, लेकिन आखिर में कानून के लंबे हाथ ने अपराधियों को उनकी सही जगह पहुंचा ही दिया। यह कहानी सिर्फ एक हत्या की नहीं, बल्कि एक ऐसे धोखे की है, जिसने एक परिवार को तबाह कर दिया और एक मासूम जिंदगी को छीन लिया।