
स्वाति श्रीवास्तव विदिशा…..नटेरन थाना क्षेत्र के ग्राम खडेर में भाजपा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष योगेंद्र सिंह राजपूत पर बलात्कार के गंभीर आरोप लगे हैं। पीड़िता, जो आरोपी की रिश्तेदार है, ने 5 दिसंबर को एफआईआर दर्ज करवाई थी। लेकिन एफआईआर दर्ज होने के 20 दिन बाद भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।
पुलिस की सुस्त कार्यवाही पर सवाल
पीड़िता ने नटेरन पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि आरोपी की राजनीतिक पहुंच के चलते पुलिस जानबूझकर कार्रवाई में देरी कर रही है। उन्होंने दावा किया कि आरोपी की लोकेशन बार-बार बताने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा।
एसपी कार्यालय के चक्कर लगा रही पीड़िता
पिछले तीन दिनों से पीड़िता लगातार एसपी कार्यालय का चक्कर काट रही है। यहां तक कि अवकाश के दिन भी वह एसपी कार्यालय पहुंची और आरोपी की लोकेशन पुलिस को दी। लेकिन पुलिस की निष्क्रियता से वह बेहद आहत हैं।
सामाजिक दबाव और न्याय की लड़ाई
पीड़िता ने कहा, “मैं इंसाफ चाहती हूं, लेकिन पुलिस राजनीतिक दबाव में काम कर रही है। अगर आरोपी को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया, तो मैं आगे बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन करूंगी।”
आरोपों के पीछे राजनीति का असर?
भाजपा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष होने के कारण आरोपी के खिलाफ कार्रवाई में देरी को राजनीतिक दबाव से जोड़कर देखा जा रहा है। पुलिस प्रशासन ने अब तक कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया है, जिससे मामला और गर्मा गया है।
पुलिस का रुख
एसपी कार्यालय से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और उचित कदम उठाए जाएंगे। हालांकि, पीड़िता का आरोप है कि यह केवल बयानबाजी है और वास्तविकता में कोई कार्रवाई नहीं हो रही।
क्या मिलेगा न्याय?
इस मामले ने न केवल प्रशासन पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि समाज में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर चिंता बढ़ा दी है। पीड़िता और उनके परिवार को न्याय की उम्मीद है, लेकिन क्या पुलिस इस उम्मीद को पूरा कर पाएगी, यह देखना बाकी है।