
टीएल बैठक में शामिल हुईं शासकीय एमएलबी गर्ल्स स्कूल की दो छात्राएं
जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे कार्यों को नजदीक से समझते हुए छात्राओं ने अपने अनुभव साझा किए।
स्वाति श्रीवास्तव विदिशा के कलेक्टर रौशन कुमार सिंह जिले में अनेक नवाचार कर रहे हैं। इन्हीं प्रयासों के तहत उन्होंने टीएल बैठक में स्कूल के छात्र-छात्राओं को आमंत्रित किया, ताकि वे प्रशासनिक कार्यों और योजनाओं के क्रियान्वयन को करीब से देख और समझ सकें। सोमवार को कलेक्ट्रेट के बेतवा सभा कक्ष में आयोजित लंबित आवेदनों की समीक्षा बैठक में शासकीय एमएलबी गर्ल्स स्कूल की कक्षा 9वीं की छात्राएं, आस्था शर्मा और नैना जाटव, विशेष रूप से शामिल हुईं।
कलेक्टर रौशन कुमार सिंह ने छात्राओं से संवाद करते हुए कहा कि शिक्षा एक ऐसी संपत्ति है, जो हर परिस्थिति में उपयोगी साबित होती है। उन्होंने बताया कि आईआईटी से इंजीनियरिंग करने के बाद उन्होंने नौकरी की और फिर प्रशासनिक सेवाओं में आने के लिए तैयारी की। लेकिन इंजीनियरिंग का ज्ञान आज भी उनके काम आता है, खासतौर पर निर्माण कार्यों जैसे डैम, सड़क और तालाब आदि की योजनाओं में। उन्होंने जोर देकर कहा कि व्यक्ति को ज्ञान, बौद्धिक विकास और समसामयिक जानकारी हासिल करने पर ध्यान देना चाहिए।
कलेक्टर ने दोनों छात्राओं को बताया कि जिले में प्रशासनिक कार्य किस तरह होते हैं, बैठकें कैसे आयोजित होती हैं और निर्देशों का अमल कैसे किया जाता है। बैठक के दौरान छात्राओं ने अपनी जिज्ञासाएं साझा कीं, जिनका कलेक्टर ने विस्तार से समाधान किया।
छात्राओं के अनुभवों को जाना
बैठक के बाद कलेक्टर ने छात्राओं से चर्चा कर उनके अनुभव सुने। छात्राओं ने पूछा कि जिला स्तर पर कार्य कैसे किए जाते हैं। इस पर कलेक्टर ने बताया कि जिले में प्रशासनिक ढांचा कैसे काम करता है, जिसमें जिला, खंड और ग्राम स्तर पर अधिकारी अपने-अपने कार्यों का क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हैं।
कलेक्ट्रेट शाखाओं का भ्रमण
बैठक के बाद छात्राओं को कलेक्ट्रेट की विभिन्न शाखाओं और विभागों का भ्रमण कराया गया। इस दौरान उन्हें बताया गया कि प्रशासनिक कार्य कैसे किए जाते हैं। भ्रमण के माध्यम से दोनों छात्राओं ने जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली को करीब से समझा।