स्थानीय संपादक वसीम कुरेशी रायसेन/सांची: विश्व धरोहर नगरी सांची अब न केवल अपनी ऐतिहासिक बौद्ध स्तूपों के लिए जानी जाएगी, बल्कि अब यहाँ का रेलवे स्टेशन भी नई चमक के साथ यात्रियों का स्वागत करने के लिए पूरी तरह तैयार है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा डिजिटल माध्यम से होने वाले उद्घाटन और राज्यपाल मंगू भाई पटेल व क्षेत्रीय विधायक डॉ. प्रभु राम चौधरी की संभावित उपस्थिति के बीच, सांची स्टेशन का कायाकल्प हर किसी के लिए चर्चा का विषय बना हुआ है।
बुधवार को सांची रेलवे स्टेशन पर गहमागहमी का माहौल था। रेलवे के डीआरएम, रायसेन जिला कलेक्टर और एसडीएम सहित आला प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर तैयारियों का बारीकी से निरीक्षण किया। स्टेशन के चप्पे-चप्पे को चकाचक किया गया है, ताकि उद्घाटन के दौरान हर व्यवस्था चाक-चौबंद रहे।
सैलानियों की राह होगी और भी आसान
स्टेशन अधीक्षक अरुण कुमार शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि सांची को एक नई पहचान और आधुनिक रूप दिया जा रहा है। अब तक पर्यटकों को जो छोटी-मोटी असुविधाएं होती थीं, उन्हें अब पूरी तरह दूर कर दिया गया है। स्टेशन परिसर में यात्रियों के बैठने की विश्वस्तरीय व्यवस्था, शुद्ध पेयजल की सुविधा और साफ-सफाई पर विशेष जोर दिया गया है।
सांची अपनी ऐतिहासिक विरासत के कारण दुनिया भर के पर्यटकों को आकर्षित करता है, ऐसे में रेलवे विभाग का यह प्रयास निश्चित रूप से पर्यटन को पंख लगाने वाला साबित होगा।
“सांप्रदायिक संपत्ति की रक्षा, हमारी जिम्मेदारी”
विकास के साथ-साथ प्रशासन ने एक बेहद महत्वपूर्ण अपील भी की है। स्टेशन अधीक्षक ने स्थानीय नागरिकों और पर्यटकों से आग्रह किया है कि वे इसे अपनी संपत्ति समझें। उन्होंने कहा, “अक्सर देखा जाता है कि कुछ शरारती तत्व या असामाजिक लोग शासकीय संपत्ति को नुकसान पहुँचाते हैं या गंदगी फैलाते हैं। यह हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है कि इस नई सौगात को सहेज कर रखें और इसकी सुंदरता को बनाए रखें।”
ट्रेनों के स्टॉपेज के लिए उठेगी पुरजोर मांग
सांची के विकास का असली फायदा तब मिलेगा जब यहाँ ट्रेनों का पर्याप्त ठहराव होगा। नगर परिषद के अध्यक्ष पप्पू रेवाराम ने बताया कि उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल और क्षेत्रीय विधायक को एक ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसमें सांची स्टेशन पर मुख्य ट्रेनों के ठहराव की मांग प्रमुखता से रखी जाएगी।
प्रमुख मांगें:
स्थानीय निवासियों की मांग है कि पूर्व में रुकने वाली ट्रेनों का स्टॉपेज फिर से शुरू किया जाए। इसमें विशेष रूप से पंजाब मेल एक्सप्रेस, दादर-अमृतसर एक्सप्रेस और छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस को शामिल करने की मांग की जाएगी। स्थानीय लोगों का मानना है कि इन ट्रेनों के रुकने से पर्यटकों की संख्या में भारी इजाफा होगा।
अभी ये ट्रेनें दे रही हैं सुविधा:
वर्तमान में सांची स्टेशन पर भोपाल-बीना मेमू, भोपाल-बिलासपुर एक्सप्रेस, चेन्नई-अंडमान एक्सप्रेस, इंदौर-प्रयागराज एक्सप्रेस, भोपाल-इटारसी विंध्याचल एक्सप्रेस और भोपाल-जयपुर/जोधपुर सुपरफास्ट जैसी महत्वपूर्ण ट्रेनें रुक रही हैं।
सांची का यह नया स्वरूप निश्चित रूप से क्षेत्र के आर्थिक और पर्यटन विकास में मील का पत्थर साबित होगा। उद्घाटन के बाद सांची रेलवे स्टेशन न केवल यात्रियों की सुविधा का केंद्र होगा, बल्कि यह क्षेत्र के गौरव को और भी बढ़ाएगा।
Leave a comment
Your email address will not be published. Required fields are marked *