Vidisha Bharti

Header
collapse
...
Home / राजनीति / मध्यप्रदेश में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 11 IAS अधिकारियों

मध्यप्रदेश में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 11 IAS अधिकारियों

05-09-2026  Editor Shubham Jain  102 views
मध्यप्रदेश में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 11 IAS अधिकारियों

भोपाल। मध्यप्रदेश शासन ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारियों की नवीन पदस्थापना और अतिरिक्त प्रभार को लेकर आदेश जारी किया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा 5 सितंबर 2026 को जारी आदेश के मुताबिक कई वरिष्ठ अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव किया गया है। इस फेरबदल में सागर संभाग से लेकर राजस्व, महिला एवं बाल विकास, उद्योग, श्रम, स्वास्थ्य, आदिवासी विकास और नगरीय प्रशासन से जुड़े महत्वपूर्ण विभाग शामिल हैं।

सरकार के आदेश के अनुसार संबंधित अधिकारियों को आगामी आदेश तक अस्थायी रूप से नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। प्रशासनिक फेरबदल को देखते हुए आने वाले दिनों में विभागीय कामकाज और योजनाओं के क्रियान्वयन पर इसका असर देखने को मिल सकता है।

11 IAS अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी

आदेश के अनुसार अशोक सुचारी (2006 बैच), जो वर्तमान में सागर संभाग के आयुक्त हैं, उन्हें मध्यप्रदेश भंडार गृह निगम, भोपाल के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी दी गई है।

दिलीप कुमार (2008 बैच), जो आयुक्त उद्योग मध्यप्रदेश तथा लघु उद्योग निगम के प्रबंध संचालक का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे थे, उन्हें सागर संभाग के आयुक्त की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

अनुभा श्रीवास्तव (2009 बैच) को प्रमुख राजस्व आयुक्त, मध्यप्रदेश तथा भू-अभिलेख एवं बंदोबस्त से जुड़ी जिम्मेदारियों से हटाकर राजस्व विभाग की सचिव की जिम्मेदारी दी गई है।

सतेन्द्र सिंह (2009 बैच) को पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग का सचिव बनाया गया है। इसके साथ ही अनुसूचित जाति कल्याण और संबंधित संस्थानों की जिम्मेदारियों का उल्लेख आदेश में किया गया है।

नेहा मारव्या सिंह (2011 बैच) को मध्यप्रदेश अनुसूचित जनजाति वित्त एवं विकास निगम के प्रबंध संचालक पद पर पदस्थ किया गया है। उन्हें अपर सचिव, मध्यप्रदेश शासन की जिम्मेदारी भी दी गई है।

निधि निवेदिता (2012 बैच) की जिम्मेदारी में भी बदलाव किया गया है। उन्हें प्रमुख राजस्व आयुक्त के साथ भू-अभिलेख एवं बंदोबस्त से जुड़ी जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

अनुराग वर्मा (2012 बैच) को मध्यप्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम का प्रबंध संचालक बनाया गया है। इससे पहले वे मध्यप्रदेश भंडार गृह निगम और राज्य नागरिक आपूर्ति निगम की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।

मयंक अग्रवाल (2013 बैच) को विकसित भारत-रोजगार गारंटी आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी VB-GRAMG का मुख्य कार्यपालन अधिकारी और समग्र नर्मदा मिशन का मिशन संचालक बनाया गया है।

संदीप जी.आर. (2013 बैच) को महिला एवं बाल विकास विभाग की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसमें अटल बिहारी वाजपेयी बाल आरोग्य एवं पोषण मिशन और महिला वित्त एवं विकास निगम से संबंधित दायित्व भी शामिल हैं।

अवि प्रसाद (2014 बैच) को मध्यप्रदेश पब्लिक हेल्थ सर्विसेज कॉर्पोरेशन लिमिटेड का प्रबंध संचालक बनाया गया है। उन्हें लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में अपर सचिव का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।

नेहा जैन (2018 बैच) को उज्जैन स्मार्ट सिटी का मुख्य कार्यपालन अधिकारी बनाया गया है। इसके साथ ही नगर पालिक निगम उज्जैन के अपर आयुक्त का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है।

6 अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार

प्रशासनिक बदलाव के साथ छह अधिकारियों को उनके वर्तमान दायित्वों के साथ अतिरिक्त जिम्मेदारियां भी सौंपी गई हैं।

रघुराज एम.आर. (2004 बैच), सचिव श्रम विभाग, को तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार विभाग के सचिव का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

तरुण राठी (2010 बैच) को वर्तमान जिम्मेदारियों के साथ आदिम जाति क्षेत्रीय विकास योजनाओं, MAPCET तथा आदिम जाति अनुसंधान एवं विकास संस्थान का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

कुमार पुरुषोत्तम (2012 बैच) को उद्योग आयुक्त और लघु उद्योग निगम के प्रबंध संचालक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।

शीतला पटले (2014 बैच) को श्रम आयुक्त, मध्यप्रदेश का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

अनिशा श्रीवास्तव (2021 बैच) को अपने वर्तमान दायित्वों के साथ ग्वालियर विकास प्राधिकरण की मुख्य कार्यपालन अधिकारी की जिम्मेदारी दी गई है।

प्रशासनिक कामकाज पर पड़ेगा असर

सरकार द्वारा किए गए इस फेरबदल में कई ऐसे विभाग शामिल हैं जिनका सीधा संबंध आम लोगों से है। राजस्व, खाद्य आपूर्ति, महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य, उद्योग, श्रम और आदिवासी विकास जैसे विभागों में जिम्मेदारियां बदली गई हैं। ऐसे में नई पदस्थापना के बाद विभागीय प्राथमिकताओं और योजनाओं के क्रियान्वयन में बदलाव देखने को मिल सकता है।

खास बात यह है कि आदेश में अधिकांश नई जिम्मेदारियां आगामी आदेश तक अस्थायी रूप से सौंपी गई हैं। यानी प्रशासनिक व्यवस्था के तहत अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से नई भूमिका में काम करने का रास्ता साफ किया गया है।

यह आदेश मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल की ओर से जारी किया गया है। आदेश की तारीख 5 सितंबर 2026 दर्ज है।


Share:

रिक्वायरमेंट

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Your experience on this site will be improved by allowing cookies Cookie Policy