विदिशा भारती डेस्क
पठारी। तहसील पठारी क्षेत्र में शासकीय आबादी भूमि पर निवास कर रहे पात्र ग्रामीणों को अब स्वामित्व अधिकार दिलाने की प्रक्रिया को गति दी जा रही है। इसी क्रम में पठारी तहसीलदार प्रेमलता पल ने ग्रामीणों से ई-सेवा ऐप पर पंजीयन कराकर शासन की स्वामित्व योजना का लाभ उठाने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पात्र हितग्राहियों का पंजीयन प्रक्रिया में शामिल होना बेहद जरूरी है, ताकि उन्हें नियमानुसार भूमि के स्वामित्व अधिकार प्रदान किए जा सकें।
तहसीलदार ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में शासकीय आबादी भूमि पर लंबे समय से निवास कर रहे पात्र परिवारों को उनके आवासीय भूखंड का स्वामित्व अधिकार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया गया है। इसके लिए पात्र हितग्राहियों का ई-सेवा ऐप के माध्यम से डिजिटल पंजीयन कराया जाना आवश्यक है।
गांव-गांव लगेंगे विशेष पंजीयन कैंप
पंजीयन अभियान को सफल बनाने के लिए तहसील पठारी क्षेत्र के विभिन्न ग्रामों में विशेष कैंप आयोजित किए जाएंगे। कैंप में सीएससी संचालक और स्थानीय युवा ग्रामीणों की सहायता करते हुए पात्र हितग्राहियों का ई-सेवा ऐप पर पंजीयन सुनिश्चित करेंगे।
प्रशासन ने ग्राम कोटवारों, सीएससी संचालकों और लोकल यूथ को अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए हैं। ग्राम कोटवार अपने-अपने गांवों में मुनादी एवं अन्य माध्यमों से ग्रामीणों को पंजीयन की जानकारी देंगे और पात्र हितग्राहियों की कैंप में उपस्थिति सुनिश्चित कराने में सहयोग करेंगे।
पात्र ग्रामीण दस्तावेजों के साथ पहुंचें
प्रशासन की ओर से तहसील पठारी के सभी ग्रामों के ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे अपने गांव में आयोजित होने वाले पंजीयन कैंप की जानकारी प्राप्त कर समय पर वहां पहुंचें। ग्रामीण आवश्यक दस्तावेज साथ लेकर आएं और ई-सेवा ऐप पर अपना पंजीयन अवश्य कराएं।
प्रशासन का लक्ष्य है कि अभियान के माध्यम से कोई भी पात्र परिवार पंजीयन से वंचित न रहे। ग्रामीणों को सलाह दी गई है कि वे पंजीयन प्रक्रिया को गंभीरता से लें और समय रहते अपना नाम दर्ज कराकर शासकीय आबादी भूमि के स्वामित्व अधिकार प्राप्त करने की प्रक्रिया में शामिल हों। तहसील प्रशासन ने ग्राम स्तर पर जुड़े कर्मचारियों और सहयोगी युवाओं से भी अभियान को प्रभावी बनाने तथा पात्र हितग्राहियों तक जानकारी पहुंचाने की अपील की है।
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