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"Mission Mobile Recovery": विदिशा पुलिस की ऐतिहासिक कामयाबी, 527 मोबाइल बरामद, कीमत ₹1 करोड़ से अधिक!

2025-06-09  Editor Shubham Jain  1,427 views

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विदिशा।सायबर सुरक्षा और तकनीकी दक्षता का एक बेमिसाल उदाहरण पेश करते हुए विदिशा पुलिस ने "Mission Mobile Recovery" अभियान के तहत मात्र 40 दिनों में 527 गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन रिकवर कर उनके असली मालिकों को सौंप दिए। इन मोबाइल्स की कुल कीमत लगभग ₹1 करोड़ 5 लाख 40 हजार रुपये आंकी गई है।

यह अभियान मध्यप्रदेश पुलिस महानिदेशक  कैलाश मकवाना के आदेश, पुलिस महानिरीक्षक अभय सिंह एवं उप पुलिस महानिरीक्षक ओ.पी. त्रिपाठी के निर्देशन में संचालित किया गया। ज़िला स्तर पर पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे के मार्गदर्शन में इसे ज़मीनी रूप मिला।

📌 अभियान की मुख्य उपलब्धियाँ:

✅ 40 दिन, 527 मोबाइल्स रिकवर

✅ ₹1.05 करोड़ की डिजिटल संपत्ति नागरिकों को लौटाई गई

✅ 82 मोबाइल्स आपराधिक मामलों से जुड़े पाए गए

✅ 310 मोबाइल फरवरी 2025 में ही उनके वास्तविक मालिकों को लौटाए गए

✅ बरामदगी की सफलता CEIR पोर्टल से IMEI नंबर ट्रैकिंग द्वारा संभव हुई

🌍 अंतरराज्यीय समन्वय की मिसाल

विदिशा पुलिस ने केवल स्थानीय गुम मोबाइल्स की ही नहीं, बल्कि भोपाल, रायसेन, सागर, गुना, अशोकनगर, इंदौर, छतरपुर, सीहोर, शिवपुरी, ग्वालियर जैसे जिलों से भी रिकवरी की। साथ ही उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, झारखंड जैसे राज्यों से भी मोबाइल्स ट्रैक किए गए। यह पुलिस के सघन नेटवर्क और तकनीकी समर्पण को दर्शाता है।

📡 कैसे हुआ यह सब संभव?

यह सब संभव हुआ सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर (CEIR) की मदद से। इस पोर्टल के ज़रिए मोबाइल का IMEI नंबर ट्रैक कर उसकी सटीक लोकेशन का पता लगाया गया। सायबर सेल प्रभारी उनि गौरव रघुवंशी के नेतृत्व में टीम ने बेहतरीन समन्वय दिखाया।

👮‍♂️ सायबर सेल की तकनीकी टीम – डिजिटल फ्रंटलाइन वॉरियर्स

प्रधान आरक्षक पवन जैन, रोहित रैकवार

आरक्षक अरविंद यादव, रूपेश मेहता, राकेश महोबिया, टंकेश्वर द्ववेदी

महिला आरक्षक कात्यायनी नायक, अभिरुचि

इन अधिकारियों ने तकनीकी सूझबूझ से मोबाइल ट्रैकिंग और सत्यापन की जटिल प्रक्रिया को पूरा किया।

🏢 थानों से हुए योगदान: आंकड़ों में प्रदर्शन

थाना बरामद मोबाइल

कोतवाली 53

सिविल लाइन 45

बासौदा शहर 70

सिरोंज 57

गुलाबगंज 11

कुरवाई 15

लटेरी 24

शेष थाने 252+

इस अभियान में हर थाना प्रभारी ने ज़िम्मेदारी से सहयोग किया, जिससे ज़िले भर में समान रूप से सफलता मिली।

📌 थानों के कुशल नेतृत्वकर्ता

कोतवाली: निरीक्षक आनंद राज

सिविल लाइन: निरीक्षक विमलेश राय

बासौदा शहर: निरीक्षक योगेन्द्र सिंह परमार

सिरोंज: निरीक्षक पंकज गीते

गुलाबगंज: निरीक्षक मोहर सिंह

शेष सभी थानों के निरीक्षकों और उनि स्तर के अधिकारियों ने समर्पित कार्य किया।

🛡️ फ़ील्ड अधिकारियों की भूमिका

मोबाइल रिकवरी में जिन्होंने फील्ड स्तर पर फिजिकल रिकवरी सुनिश्चित की, उनमें शामिल हैं:

आर. शिवप्रताप सिंह (बासौदा)

आर. लक्की सिंह (कोतवाली)

आर. रामबीर (सिरोंज)

आर. प्रवेश जाट (शमशाबाद)

आर. अंकुश (पथरिया)

आर. अमित (दीपनाखेड़ा)

आर. राहुल झा (लटेरी)

आर. हैमन्त (पठारी)

(कुल 25 से अधिक अधिकारी फील्ड में सक्रिय रूप से लगे रहे।)

🏅 पुरस्कार की घोषणा

पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी ने घोषणा की है कि इस विशेष मिशन में सक्रिय सहभागिता निभाने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को जल्द ही सम्मानित किया जाएगा। यह न केवल उन्हें प्रोत्साहित करेगा, बल्कि अन्य जिलों के लिए भी एक प्रेरणा बनेगा।

📣 पुलिस की जनता से अपील

विदिशा पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है:

> "यदि आपका मोबाइल फोन चोरी या गुम हो गया है, तो नजदीकी थाने में तत्काल सूचना दें।

साथ ही CEIR पोर्टल (www.ceir.gov.in) पर ऑनलाइन रिपोर्ट दर्ज करें।

साथ में मोबाइल का IMEI नंबर जरूर उपलब्ध कराएं — यही नंबर मोबाइल की पहचान का आधार है।

आपकी जागरूकता ही आपके मोबाइल की वापसी का पहला कदम है।"

🌐  तकनीक + सेवा भावना = सफलता

"Mission Mobile Recovery" सिर्फ एक पुलिस ऑपरेशन नहीं, बल्कि एक जनसेवा की तकनीकी क्रांति है। यह दिखाता है कि यदि इच्छाशक्ति और तकनीकी दक्षता साथ हो, तो आम जनता की छोटी-छोटी समस्याएं भी संवेदनशीलता से हल की जा सकती हैं।

विदिशा पुलिस ने यह साबित कर दिया है कि वे सिर्फ अपराध से लड़ने वाली संस्था नहीं, बल्कि जनसेवा में समर्पित तकनीकी संरचना भी हैं।


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