भोपाल। मध्य प्रदेश भाजपा में लंबे समय से नियुक्तियों का इंतजार कर रहे कार्यकर्ताओं के लिए खुशखबरी है। संगठन में नियुक्तियों की 'बारिश' शुरू हो गई है। क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल के भोपाल कदम रखते ही प्रदेश भाजपा कार्यालय में सियासी पारा चढ़ गया है। बैठकों का दौर जारी है और माना जा रहा है कि अगले 24 से 48 घंटों में प्रदेश कार्यकारिणी, निगम-मंडल और एल्डरमैन की बहुप्रतीक्षित सूचियां सामने आ सकती हैं।
हेमंत खंडेलवाल का कड़ा निर्देश: “तुरंत जारी करें मोर्चों की टीम”
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमत खंडेलवाल ने आज संगठन की महत्वपूर्ण बैठक में दो-टूक शब्दों में साफ कर दिया है कि अब देरी की गुंजाइश नहीं है। उन्होंने बैठक में मौजूद सभी मोर्चों के अध्यक्षों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि "सभी मोर्चों की प्रदेश टीम की सूची तुरंत जारी की जाए।" खंडेलवाल ने संगठन को 'रॉकेट' की गति से आगे बढ़ाने का मंत्र देते हुए कहा कि हर पदाधिकारी को काम मिलना चाहिए। भाजपा अब "हर हाथ को काम, हर कार्यकर्ता को सम्मान" की नीति पर चलते हुए चुनावी मोड में पूरी ताकत से उतरने की तैयारी में है।
शैलेंद्र बरुआ को मिल सकती है बड़ी जिम्मेदारी
सूत्रों के हवाले से बड़ी खबर आ रही है कि प्रदेश उपाध्यक्ष शैलेंद्र बरुआ को संगठन में कोई बड़ी और महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है। कार्यालय की कार्यप्रणाली और आगामी सांगठिक बदलावों में उनकी भूमिका अहम रहने वाली है। बरुआ के नाम पर शीर्ष नेतृत्व में सहमति बन चुकी है और इसका औपचारिक ऐलान किसी भी वक्त हो सकता है।
बैठकों के अंदर की खबर: 'परफॉर्मेंस' ही होगा पैमाना
पार्टी के भीतर खाने से मिल रही जानकारी के अनुसार, इस बार नियुक्तियों में केवल सिफारिश काम नहीं आएगी। अजय जामवाल और हेमंत खंडेलवाल की जोड़ी ने साफ कर दिया है कि 'भाजपा संदेश गति' से आगे बढ़ेगी।
निगम-मंडल: यहाँ उन दिग्गजों को जगह मिलेगी जो चुनाव में सक्रिय रहे।
एल्डरमैन: स्थानीय स्तर पर पकड़ रखने वाले कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता दी जाएगी।
मोर्चे: युवा, महिला, किसान और पिछड़ा वर्ग मोर्चों में नई ऊर्जा भरने के लिए 'फ्रेश चेहरों' पर दांव लगाया जाएगा।
हर पदाधिकारी को मिलेगा काम
बैठक में 'टीम वर्क' पर सबसे ज्यादा जोर दिया गया। खंडेलवाल ने कहा कि टीम बनाओ और मैदान में उतरो। पार्टी का लक्ष्य है कि कोई भी पद खाली न रहे और हर कार्यकर्ता को उसकी क्षमता के अनुसार जिम्मेदारी दी जाए। कार्यालय की बड़ी जिम्मेदारियों पर भी आपसी सहमति बन चुकी है, बस अब सूचियों पर अंतिम मुहर लगने की देरी है।
भाजपा कार्यकर्ताओं के लिए यह हफ्ता 'दिवाली' से कम नहीं होने वाला है। नियुक्तियों की इस बारिश में किसे 'छतरी' मिलेगी और कौन 'भीगेगा' (पद पाएगा), यह देखना दिलचस्प होगा।